दिल्ली में वाहन खरीदने वालों को रोड टैक्स में मिलेगी भारी छूट, जाने पूरी खबर

Incentives for old vehicle owner

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दिल्ली में ऐसे लोग जो अपने घर में एक कार सिर्फ इसलिए रखना चाहते हैं कि उन्हें कब कहां जरूरत पड़ जाए | ऐसे लोग अपनी कार का बहुत ज्यादा इस्तेमाल नहीं करते हैं तो उनकी कार 15 साल के बाद भी बहुत अच्छी कंडीशन में होती है | ऐसे लोगों के लिए एक तय समय के बाद वाहन को चलन से बाहर कर देने का नियम थोड़ा निराश करता है | लेकिन अब ऐसे लोगों के लिए एक राहत वाली खबर है | बता दें कि दिल्ली में पुराने वाहनों को स्क्रैप कर नए वाहन खरीदने वालों को रोड टैक्स में रियायत देने के लिए के लिए एलजी ने सैद्धांतिक मंजूरी दी जा चुकी है |

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एलजी की सैद्धांतिक मंजूरी से मिलेगा नए वाहनों की खरीदारी बढ़ावा
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि उपराज्यपाल की स्वीकृति के बाद इस नीति को लागू किया जाएगा | स्क्रैपेज पॉलिसी के लागू होने से पुराने प्रदूषणकारी वाहनों को स्क्रैप कर नए वाहनों की खरीदारी को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है | पुराने वाहन को स्क्रैप करने के बाद सरकार की ओर से अधिकृत केंद्र सर्टिफिकेशन ऑफ डिपॉजिट (सीओडी) जारी किया जाएगा | इसे पेश करने पर नए खरीदारों को पर्सनल यूज वाले वाहनों पर अधिकतम 25 फीसदी, जबकि कॉमर्शियल वाहनों पर रोड टैक्स में 15 फीसदी छूट प्रदान की जाएगी |

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किस वाहन को कितनी मिलेगी छूट
आपको बता दें कि पर्सनल कार के लिए रियायत नए वाहन की कीमत और ईंधन के प्रकार (पेट्रोल,डीजल और सीएनजी) के मुताबिक 8 से 25 फीसदी तक की रियायत दी जाएगी | इसके तहत 5 लाख तक की कीमत वाले पेट्रोल और सीएनजी वाहनों पर मोटर वाहन कर में 25 फीसदी तक की अधिकतम रियायत दी जाएगी | डीजल इंजन वाली कार के लिए अधिकतम 20 फीसदी तक की छूट मिलेगी | 5 से 10 लाख तक के पेट्रोल व सीएनजी वाहनों के लिए मोटर वाहन कर में 20 फीसदी तक की अधिकतम रियायत मिलेगी, डीजल वाहनों पर कर में 15 फीसदी तक की रियायत दी जाएगी | इसी तरह 10 से 20 लाख तक के सीएनजी और पेट्रोल वाहनों पर 15 फीसदी जबकि डीजल वाहनों के लिए 10 फीसदी तक की अधिकतम रियायत मिलेगी | 20 लाख से ऊपर के सीएनजी और पेट्रोल वाहनों पर मोटर वाहन कर में 12.5 फीसदी तक की अधिकतम रियायत होगी | हालांकि वाहन स्क्रैपेज पॉलिसी तो केंद्र सरकार की तरफ से बनाया गया नियम है लेकिन इसको किस तरह से लागू करना है वो राज्य अपनी-अपनी सुविधानुसार राज्यों में लागू कर रहे हैं | दिल्ली के अलावा भी कुछ अन्य राज्यों में इसको लेकर नियम तय किए गए हैं |

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